HomeBahan Ki Chudaiपड़ोस की खडूस आंटी

पड़ोस की खडूस आंटी

हेल्लो दोस्तों, मेरा नाम शाकुल है और मैं जयपुर में रहता हूँ | दोस्तों
मैं Free Hindi Sex Stories का पुराना पाठक हूँ और अक्सर इस वेबसाइट पर
आकर मस्त मस्त सेक्स कहानियाँ पढता हूँ और मुठ मारता हूँ | अपने बारे में
बता दूं थोडा | मेरी उम्र 18 साल है और मैं 11वीं में पढ़ता हूँ | मुझे
खेलों में बहुत रूचि है खासकर क्रिकेट में | छुट्टी के दिन अक्सर मैं गली
में ही कुछ दोस्तों के साथ क्रिकेट खेल लेटा हूँ | चलिए अब सीधा कहानी पर
आता हूँ |
मेरी गली में 2 मकान छोड़कर एक पंजाबी आंटी रहती हैं | वो अपने घर में
अकेले ही रहती हैं क्यूंकि उनका बेटा बाहर नौकरी करता है और पति का निधन हो
चूका है | वो आंटी बहुत ही खडूस किस्म की हैं | कई बार जब मैं क्रिकेट
खेलता था तो बॉल उनकी बालकनी में चली जाती थी और वो बहुत गुस्सा करती थीं |
हम लोगों को उनसे थोडा डर लगता था | उनकी उम्र 40 के आस पास होगी | दिखने
में वो अच्छी थीं | फिगर भी मस्त और रंग गोरा | खैर, ये तो हुआ परिचय | अब
आता हूँ मेन मुद्दे पर |
देसी हिंदी अन्तर्वासना सेक्स कहानी पढ़े।
एक दिन की बात है | मैं और मेरे 2 दोस्त गली में ही क्रिकेट खेल रहे थे |
मेरी बैटिंग थी और मैंने आखिरी गेंद पर जोर का शॉट मारा | किस्मत इतनी
खराब की गेंद सीधा आंटी की खिड़की और और खिड़की को चटाक की आवाज़ करके तोड़कर
आंटी के घर के अन्दर | अब हम तीनों की हालत खराब | मैंने बाकी 2 दोस्तों से
बोला तो वो बोलने लगी – बैटिंग तेरी थी, शॉट तूने मारा | अब गेंद भी तू ही
ले कर आ | मेरे पास कोई चारा नही था | मैं जाने लगा तो एक दोस्त ने सलाह
दी – भाई, थोडा डांटे, गुस्सा करें तो भी सुन लेना और थोडा टाइम लगे तो भी
कोई बात नही, हम दोनों घर जा रहे हैं और अब सीधा शाम को खेलेंगे | मैंने
सोचा – ये सही है, फंस गया मैं |
मैंने आंटी के गेट पर पहुँच कर दरवाजा खटखटाया | आंटी शायद नहा रही थीं |
थोड़ी देर बाद मैंने फिर खटखटाया तो आंटी तौलिया लपेटे ही आ गयीं और दरवाजा
खोला | आंटी गुस्से में ला हो चुकी थीं और वो भी 2 वजह से | पहला की मैंने
उनकी खिड़की का शीशा फोड़ दिया और दूसरा की मैंने इतनी बार दरवाजा खटखटाया |
आंटी बोलीं – आज तू रुक शाकुल, आज क्लास लेती हूँ तेरी ढंग से | तभी गेंद
मिलेगी | मैं अन्दर आ गया | आंटी ने दरवाजा बंद किआ और गुस्से में ही कपड़े
पहनने के लिए बाथरूम में जाने लगीं | आंटी की चप्पल अचानक से फिसली और आंटी
गिर पड़ीं | आंटी को चोट लगी थी और उससे भी बड़ा किस्सा ये हुआ की आंटी का
तौलिया खुल गया | मैं दौड़कर आंटी के पास गया और आँखें बंद करने का नाटक कर
के उन्हें उठाने लगा | आंटी दर्द से कराहते हुए बोलीं – सही से उठा कम से
कम | मैंने आँखें खोली और उनके गोर सेक्सी बदन को निहारते हुए उन्हें उठाया
| आंटी के बूब्स बड़े और गुलाबी निप्पल थे | आंटी की चूत पर झांटें थीं
लेकिन उनकी गुलाबी चूत मुझे दिख गयी | आंटी ने मुझसे बोला की मैं उन्हें
उनके रूम तक ले जाने में उनकी मदद करूं और इससे पहले मैं तौलिया उठा के दूं
उन्हें | तौलिया उठाने के लिए जब मैं नीचे उठा तो मुझे उनकी चूत और नजदीक
से दिखी | क्या मस्त गुलाबी चूत थी | दोस्तों, मेरा लंड तुरंत खड़ा हो गया
लेकिन मैं कुछ कर नही सकता था |
खैर, मैंने तौलिया उठा कर दिया और और आंटी को पकड़ कर उनके कमरे तक ले कर
गया | आंटी को फिर मैंने लिटाया और बोला – आंटी, आयोडेक्स या बाम कहाँ है,
लाओ लगा दूं | आंटी बोली – है तो सामने अलमारी पर लेकिन ऐसी जगह चोट लगी
है की तू लगा नही पाएगा | अब आंटी दर्द की वजह से नरमी से बोल रही थीं |
मैंने बोला – आंटी, मैं आँखें बंद कर लूँगा | रुको मैं ले कर आता हूँ |
आंटी मना करने लगीं लेकिन मैं गया और ले कर आ गया | मैंने आंटी की पीछे
मुड़ने को बोला | आंटी थोड़ी ना नुकुर के बाद मुड गयीं | मैंने आँखें बंद की
और उनका तौलिया ऊपर उठा दिया | अब मैं उनकी जांघों, कमर और चूतडों पर बाम
लगाने लगा | आंटी की थोडा आराम मिल रहा था | आंटी बोलीं – दूसरी तरफ भी लगा
दे | मैंने चुपके से आँखें खोलीं और देखा तो उनकी सेक्सी गांड देखकर मेरे
होश ही उड़ गये | आंटी की गांड क्या मस्त थी | गोरे चूतडों के बीच गुलाबी
मस्त गांड | मुझसे कण्ट्रोल हो तो नही रहा था लेकिन करना पड़ा |
आंटी को शायद अंदाजा हो गया था की मैंने आँखें खोल ली हैं और उनकी गांड
दे रहा हूँ | आंटी बोलीं – देख ले अच्छे से, नही कहूँगी मैं कुछ किसी से भी
| मैंने नाटक करते हुए बोला – नही आंटी, मेरी आँखें तो बंद हैं | आंटी
बोलीं – मुझे पता है | चल अब नाटक छोड़ और अच्छे से देख ले | बोलेगा तो आगे
भी मुड़ जाउंगी | मैं खुश हो गया | मैंने सोचा की आज तो मजे होने वाले हैं |
मैंने थोडा शर्माते हुए आँखें खोलीं | आंटी की गांड का गुलाबी छेद मुझे
पागल कर रहा था | मुझसे रहा नही गया और मैंने एक ऊँगली वहां रखकर सहलाना
शुरू कर दिया | आंटी बोलीं – धीरे से घुसाना | अब तो आंटी ने पूरा ग्रीन
सिग्नल दे दिया था | मैंने आंटी की गांड में एक ऊँगली घुसा दी | आंटी की
गांड कसी थी | उन्हें दर्द होने लगा और वो धीरे धीरे आह उह आह्ह ह हह ह हह
हह ह ह हह ह हह ह ह हह ऊ उ ऊ उ ऊ उ ऊ ऊह करने लगीं | मैंने अब आंटी से
सामने मुड़ने को कहा | आंटी मुड गयीं | अब आंटी के दूध मेरे सामने थे | मैं
आंटी के ऊपर आ गया और आंटी को किस करते हुए आंटी के बूब्स दबाने लगा | आंटी
ने मना नही किआ और मेरा साथ देने लगीं |
मैंने आंटी के होठों पर किस करना शुरू किआ और धीरे धीरे गर्दन पर आ गया |
फिर मैं आंटी के दूध चूसने लगा | आंटी के दूध मस्त थे | उनका मीठा स्वाद
मुझे आज भी याद है | दोस्तों, आंटी के उन बूब्स की बात ही और थी | मैं चुसे
जा रहा था | थोड़ी देर तक चूसने के बाद मैंने दुसरे दूध को चुसना शुरू किआ |
आंटी बोलीं – मुझे तो तूने बिना कपड़ों के देख लिया | अब मुझे भी कुछ
दिखेगा या बस तरसाएगा ही ? मैं समझ गया की आंटी भी लंड की प्यासी हैं और
शायद ये भी एक वजह है की वो इतना गुस्से में रहती हैं | मैंने अपनी टीशर्ट
निकाली और फिर पैंट भी निकाल दी | आंटी बोलीं – जल्दी से अंडरवियर भी निकाल
| मैंने बोला – ओके आंटी |
अब मैंने अपनी अंडरवियर उतार दी | मेरा लंड अब आंटी के सामने था | आंटी न
बिना देर किये उसे पकड़ा और उसे मुंह में ले कर चूसने लगीं | मुझे मजा आने
लगा | मैंने भी उनका सर पकड़ा और उनके मुंह में लंड पेलना शुरू कर दिया |
थोड़ी देर तक ऐसे ही लंड चूसने के बाद आंटी बोलीं – अब थोडा मेरे बारे में
भी सोच ले | मैंने बोला – ओके आंटी | अब मैंने आंटी के मुंह से अपना लंड
निकाला और आंटी के पैर फैलाकर उनकी चूत पर टिका दिया | आंटी की गुलाबी चूत
पर टिका कर मैंने लंड से धक्का दिया | आंटी की चूत बहुत ढीली नही थी | आंटी
को थोड़ा दर्द हो रहा था | मैंने धक्के तेज कर दिए | आंटी चुदाई का मजे
लेते हुए जोर जोर से आह्ह्ह ह हह ह हह ह हह ऊऊ उ उ ऊ ई इ इ इ ई ईई इ ई ई इ इ
ओह हह ह हह ह्ह्ह हह उम मम म म मम और चोद मुझे.. आह्ह्ह ह ह ह चोद.. फाड़
दे मेरी चूत.. आह्ह्ह हह ह ऊऊ उ करने लगीं | लगभग आधे घंटे की चुदाई के बाद
आंटी झड गयीं | मैं भी झड़ने वाला हुआ तो आंटी की चूत से लंड निकाल कर साइड
में झाड़ दिया | उस दिन के बाद मैंने आंटी को कई बार चोदा | ये थी मेरी
कहानी |

gujarati antarvasnasex story with pictureshindi sexy kahani photo sahitantarvasna babaphoto ke sath sex kahanichachi ki sex storyantarvasna imagessex hindi kahani comchudai ki kahani latestantarvasna with picssex story real hindiहिंदी सेक्स कहानियाँचाहे कुछ भी हो जाए, मैं इस लड़के से चुदवा कर रहूंगीsex story with picfull sex story in hindihindi sexi kahanisex story with picsex stories in hindi with picturesdidi ki chudai photosexy stori in hindi fontmaa beta sexy kahaniyachudai photo kahanihindi sexi kahaniyakhani sexhot sex stories hindiअंतरवासनाhindi sexi kahanisexy kahani with imagesexy story with imagesex kahani hindi photoकहानी sexsex hindi kahani comsucksex hindi storyantar vasns comchudai ki kahani in hindi with photohot sex ki kahanixxx hindi sex storychudai kahani in hindihindi balatkar ki kahani with photoshindi chudai kahani with photohindi saxy kahani with photosasur bahu sexy storydebonair .comdhoke se chodaantarvasna familym antarvassnachudai storiआज तो मैं इससे चुद ही रहूँगीchudai ki kahanizavazavi kahani marathihindi kahani hotphoto ke sath chudai storysex hindi story photohindi sex storyssex photo story hindichudai storinew hindi chudai storyantarvassna storysexy stories marathiwww sex khaniहिन्दी सेकसीantarvasna chudai photoभाभी बोली- ये मेरी ब्रा का हुक बालों में अटक गया हैsex story hindi antarvasnama sex kahanigand mari imagenew sex khaniyagandi kahaniyan photosचुदाई की कहानीsexy kahani hindi fontkamukta chodansexstories in hindichudai ki hindi khaniyahot story with photo in hindipelai ki kahanisexy story with image in hindixxx hindi sex storysexi hot kahanisasur ji ki jawani